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जज ने कविता लिख दुष्कर्मी को सुनाई फांसी, कहा-बच्ची ने सिसकियां ले मम्मी-पापा को याद किया
  • Written by - amulybharat.in
  • Last Updated: 12 अप्रैल 2025,  11:24 PM IST
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जज ने कविता लिख दुष्कर्मी को सुनाई फांसी, कहा-बच्ची ने सिसकियां ले मम्मी-पापा को याद किया

सिवनी मालवा । नर्मदापुरम के सिवनी मालवा में 6 साल की नाबालिग बालिका को इंसाफ मिल गया है. दुष्कर्म एवं हत्या के आरोपी अजय वाडीवा को प्रथम जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश तबस्सुम खान ने फांसी की सजा सुनाई है. शुक्रवार शाम को जज ने मार्मिक कविता लिखते हुए इस फैसले को सुनाया है. न्यायालय ने आरोपी पर 3000 का जुर्माना एवं दुष्कर्म एवं हत्या के अपराध के लिए धारा 137(2), 64, 65(2), 103(1), 66 बीएनएस 5 (एम), 6 पॉक्सो में मृत्युदंड एवं पीडिता के माता-पिता को चार लाख रुपये का प्रतिकर स्वरूप दिये जाने का आदेश दिया है.
एडीपीओ मनोज जाट ने बताया कि, घटना दो जनवरी 2025 की रात की है. आरोपी अजय 6 वर्ष की मासूम बालिका को घर से उठाकर लेकर गया और नहर के किनारे झाडिय़ां में ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया. बालिका जब चिल्लाई तो उसका मुंह दबाकर उसकी हत्या कर दी. उन्होंने बताया कि, आरोपी ने शव को झाडिय़ां में फेंक दिया. सिवनी मालवा पुलिस ने 24 घंटे में ही आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट के समक्ष 10 दिन के भीतर ही चालान प्रस्तुत किया. जिसके बाद कोर्ट ने 90 दिन के भीतर ही यह फैसला सुनाया है.
उन्होंने बताया कि, यह मध्य प्रदेश का पहला फैसला है जो 90 दिन के भीतर नए कानून लागू होने के बाद हुआ है. सिवनी मालवा के इतिहास में मेरे नॉलेज के अनुसार यह पहला मामला है, जिसमें फांसी की सजा आरोपी को दी गई है. मृतक पीडि़ता के संबंध में अभियोजन मनोज जाट, एडीपीओ/विशेष लोक अभियोजक द्वारा कवि की यह पंक्तियां अंतिम बहस में प्रस्तुत की थीं.


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