• +91 99935 90905
  • amulybharat.in@gmail.com
जरा हट के और भी
पक्की सड़कों ने जुड़ा गांव-गांव, बढ़ी व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीणों में बड़ी नई उम्मीद
  • Written by - amulybharat.in
  • Last Updated: 4 दिसम्बर 2025,  08:03 PM IST
  • 442
पक्की सड़कों ने जुड़ा गांव-गांव, बढ़ी व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और ग्रामीणों में बड़ी नई उम्मीद

रायपुर। पहाड़ों, वनाच्छादित और दूरस्थ भौगोलिक स्थितियों के कारण लंबे समय तक संपर्कहीनता की समस्या से जूझता रहा एमसीबी जिला। कई गांव ऐसे थे जहां पहुंचना मौसम के भरोसे होता था। बरसात में सड़कें कट जाती थीं, लोग घरों में कैद हो जाते थे और रोगी, छात्र, किसान सभी कठिनाइयों का सामना करते थे।
-ग्रामीण जीवन की धड़कन बनी प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना
            पिछले कुछ वर्षों में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGYS) ने इस जिले का भूगोल ही बदल दिया। आज मनेन्द्रगढ-चिरमिरी-भरतपुर जिले के अधिकांश गांव पक्की सड़कों से जुड़ चुके हैं और जहां कार्य शेष है, वहां निर्माण युद्धस्तर पर जारी है। यहां सड़कों का जाल सिर्फ कंक्रीट या डामर का ढांचा नहीं है बल्कि यह गांवों की नई किस्मत है, ग्रामीण जीवन की धड़कन है और विकास की असली आधार है।
-पहाड़ी रास्तों से पक्की सड़क तक -एक परिवर्तन की कहानी       एमसीबी जिले की ऊबड़-खाबड़ पहाड़ियों, दुरूह घाटियों और गहरे जंगलों में बसे गांव वर्षों तक मुख्यधारा से दूर रहे। गांवों तक पहुँचने के लिए कभी पगडंडी, कभी नदी का उफान और कभी पहाड़ी रास्तों का सहारा लेना पड़ता था। पीएमजीएसवाई के तहत जब सड़कों का सर्वेक्षण शुरू हुआ, तो ग्रामीणों के बीच उम्मीद की एक नई किरण जागी। आज वही गांव पक्की सड़कों से जुड़ चुके हैं। अब छोटे वाहनों से लेकर एम्बुलेंस और कृषि वाहन तक आराम से पहुंचते हैं। बरसात के मौसम में भी आवागमन बाधित नहीं होता। स्कूल, अस्पताल, बाजार और तहसील सबकी दूरी कम हो गई है। यह बदलाव सिर्फ यात्रा में समय घटने का नहीं, बल्कि जीवन की गुणवत्ता बढ़ने का है।
-किसानों की बढ़ी आर्थिक रफ्तार -बाजार हुआ पास
          पहले किसान खेतों से उपज को बैलगाड़ी या अपने सिर पर उठाकर ले जाते थे। कई बार फसल मंडी तक पहुंचते-पहुंचते खराब भी हो जाती थी। नई सड़कों का प्रभाव कृषि क्षेत्र में क्रांतिकारी रहा, जिसमें ट्रैक्टर, पिकअप, मिनी ट्रक अब गांव तक पहुंच रहे हैं। धान, कोदो-कुटकी, मक्का, सब्जियां और लघु वनोपज आसानी से मंडी पहुंच रही हैं। परिवहन लागत कम होने से अब किसानों की बचत बढ़ी है। खरीदी समय पर होने से किसानों की आय में स्थायी वृद्धि हुई है। आज किसान गर्व से कहते हैं कि सड़क आई, तो बाजार भी हमारे गांव आ गया।
-स्वास्थ्य सेवाओं में हुआ बड़ा सुधार - अब इलाज भी हो रहा समय पर
         पहले बीमार व्यक्ति को अस्पताल तक लाने में कई घंटे लग जाते थे। पहले एम्बुलेंस गांव तक नहीं पहुंच पाती थी। पर अब स्थिति बदल चुकी है और 108 एम्बुलेंस सीधे घर तक पहुंच रही है, गर्भवती महिलाओं का सुरक्षित संस्थागत प्रसव सुनिश्चित हुआ, टीकाकरण, पोषण व स्वास्थ्य सेवाओं में तेजी आई, गंभीर मरीजों को समय पर जिला अस्पताल पहुंचाया जा रहा है। सड़क निर्माण से अब प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और मोबाइल मेडिकल यूनिट की पहुँच आसान और सुविधाजनक हो गया है।
-शिक्षा के दरवाजे खुले-ड्रॉपआउट में आया कमी
         पहले दूरस्थ गांवों के बच्चे बारिश में स्कूल नहीं जा पाते थे। कई बच्चे पहाड़ी रास्तों से डरकर पढ़ाई छोड़ देते थे। अब स्कूल वैन, बसें और ऑटो आसानी से पहुंचते हैं, अध्यापक समय पर स्कूल जा पा रहे हैं। छात्र उच्च शिक्षा के लिए कस्बों और शहरों तक आसानी से आ-जा रहे हैं, जिससे ड्रॉपआउट में  कमी आया है ।
-नया रोजगार और नई उम्मीदें
        पीएमजीएसवाई निर्माण ने हजारों ग्रामीणों को रोजगार दिया। सड़क बनने से स्थानीय व्यवसाय, किराना, ढाबा, गैराज आदि, अब खुले परिवहन सेवाओं में वृद्धि हुई, जिससे निर्माण सामग्री की सप्लाई में स्थानीय लोगों को लाभ मिला । पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान हुई, जिससे स्थानीय गाइड और स्टे सुविधा बढ़ी, ग्रामीण अर्थव्यवस्था में यह एक स्थायी और मजबूत निवेश साबित हुआ है।
-प्रशासन की सक्रियता-गुणवत्ता और गति दोनों पर जोर
       जिले में सड़क निर्माण की निगरानी के लिए प्रशासन द्वारा लगातार निरीक्षण, गुणवत्ता परीक्षण और समयबद्ध समीक्षा बैठकें आयोजित की जाती हैं। मानक अनुसार रोड बेस, साइड ड्रेन और सीसी स्ट्रक्चर, पुल-पुलियों का मजबूत निर्माण, सड़क किनारे सुरक्षा चिन्ह व रिफ्लेक्टर, नागरिकों की शिकायतों का त्वरित समाधान मिल रहा है । इन सभी प्रयासों से पीएमजीएसवाई सड़कों की गुणवत्ता लंबे समय तक टिकाऊ बनी रह रही है।
-भविष्य की कदम शत-प्रतिशत कनेक्टिविटी की ओर
       एडिशनल पैकेजों के तहत कई नए मार्ग स्वीकृत हुए हैं, जिनका निर्माण जारी है। लक्ष्य यह है कि जिले का कोई भी गांव सड़क विहीन न रहे, आपदा और बरसात में भी आवागमन बाधित न हो, सभी ग्रामीण सेवाओं की पहुँच अंतिम व्यक्ति तक सुनिश्चित हो। एमसीबी जिले में सड़कें अब सिर्फ रास्ते नहीं रहीं बल्कि अब विकास, विश्वास और परिवर्तन की सशक्त पहचान बन चुकी हैं।

Image after paragraph

RO. NO 0002
RO. NO 13843/ 27

RO. NO 0002
RO. NO 13843/ 27

Add Comment


Add Comment

RO. NO 0002
676140620261012371007869232.jpg
RO. NO 13843/ 27
287060520260449541007062156.jpg
RO. NO 13843/ 27
921060520260450131007062156.jpg
RO. NO 0002
676140620261012371007869232.jpg
RO. NO 13843/ 27
287060520260449541007062156.jpg
RO. NO 13843/ 27
921060520260450131007062156.jpg





ताज़ा समाचार और भी
Get Newspresso, our morning newsletter