• +91 99935 90905
  • amulybharat.in@gmail.com
छत्तीसगढ और भी
हथखोज की स्टील इंफा सॉल्यूशन कंपनी में प्राणांतक हादसा, जांच में मिली गंभीर सुरक्षा खामियां
  • Written by - amulybharat.in
  • Last Updated: 31 अगस्त 2026,  06:22 PM IST
  • 154
हथखोज की स्टील इंफा सॉल्यूशन कंपनी में प्राणांतक हादसा, जांच में मिली गंभीर सुरक्षा खामियां

दुर्ग, / हथखोज स्थित मेसर्स स्टील इंफा सॉल्यूशन कंपनी लिमिटेड में 19 अगस्त 2026 को हुई प्राणांतक दुर्घटना के बाद औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग द्वारा दुर्घटना स्थल का निरीक्षण कर प्राथमिक जांच की गई। हादसे में सीएनसी हेल्पर श्री राजेश कुमार निर्मलकर (40 वर्ष) की मृत्यु हुई थी। 20 अगस्त को सहायक संचालक, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा, दुर्ग के साथ विभागीय अधिकारियों ने कारखाना पहुंचकर दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया। जांच के दौरान कारखाना प्रबंधन के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। प्राथमिक जांच में कारखाना प्रबंधन की ओर से कई गंभीर सुरक्षा खामियां सामने आईं। जांच में पाया गया कि क्रेन का संचालन सक्षम एवं अधिकृत व्यक्ति से कराने के बजाय अनस्किल्ड वर्कर से कराया जा रहा था। क्रेन के संचालन, रखरखाव, पर्यवेक्षण एवं प्रशिक्षण में निर्धारित सुरक्षा नियमों और प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया गया। जांच में यह भी पाया गया कि आई-बीम, क्रेन की चेन एवं अन्य संबंधित उपकरणों का उचित रखरखाव और नियमित निरीक्षण नहीं किया गया था। क्रेन की चेन में लगे हुक में आवश्यक सेफ्टी लैच/सेफ्टी कैच भी उपलब्ध नहीं पाया गया, जिससे भार के अनियंत्रित रूप से निकलने की संभावना बनी हुई थी। जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि 24 जनवरी 2026 को इसी कारखाने में ईओटी क्रेन संचालन के दौरान एक अन्य प्राणांतक दुर्घटना घटित हुई थी। इस मामले में कार्यालय द्वारा न्यायालय में अभियोजन प्रस्तुत किया गया था। इसके बावजूद क्रेन संचालन एवं रखरखाव में निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाना गंभीर विषय पाया गया। विभागीय जांच में क्रेन संचालन के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर, श्रमिकों के प्रशिक्षण, पर्यवेक्षण, निरीक्षण एवं सुरक्षा उपकरणों की जांच-परीक्षण व्यवस्था में भी कमियां पाई गईं।

उप संचालक औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा एवं कारखाना निरीक्षक से प्राप्त जानकारी अनुसार श्रमिकों की सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्य दशाओं को ध्यान में रखते हुए उपजीविकाजन्य सुरक्षा, स्वास्थ्य और कार्यदशा संहिता 2020 की धारा 38(1)(क) में प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए प्रबंधक को कारखाने में स्थापित समस्त ई.ओ.टी. क्रेन एवं हाइड्रा क्रेन का संचालन तत्काल प्रभाव से आगामी आदेश तक बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, कारखाना प्रबंधन को निर्देशित किया गया है कि उक्त क्रेनों के सुरक्षित परिचालन के लिए जांच में सामने आई अनियमितताओं के संबंध में सुरक्षा की दृष्टि से अपनाए जाने वाले सभी तकनीकी एवं पर्याप्त सुधारात्मक उपायों की जानकारी तथा अनिवार्य दस्तावेज तत्काल कार्यालय में प्रस्तुत किए जाएं। प्रतिबंधात्मक आदेश की अवधि में कारखाने में नियोजित समस्त श्रमिकों को देय वेतन एवं अन्य भत्तों का भुगतान निर्धारित तिथि पर करना भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।


Add Comment


Add Comment






ताज़ा समाचार और भी
Get Newspresso, our morning newsletter